डीएम साहब आखिर क्यों कर दिया जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता कार्यालय को सील ,,,,,,,
उठे सवाल, ,,,,,,,,,,,,
रिपोर्ट:अरुण कश्यप
देहरादून। उत्तराखंड जल संस्थान से जुड़ा एक नया विवाद सामने आया है, जिसमें देहरादून के अधीक्षण अभियंता कार्यालय को सील किए जाने जैसा गंभीर मामला सामने आया हैं। अधीक्षण अभियंता राजीव सेनी ने बताया कि वर्तमान में उन्हें अपना कार्यालय प्रदेश मुख्यालय देहरादून से संचालित करना पड़ रहा है, जिससे कार्य प्रभावित हो रहे हैं।उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी परियोजना की ओर से डैमेज रिकवरी बनाकर जल संस्थान को भेजी गई है। जब इस संबंध में विभागीय स्तर पर जांच कराई गई तो स्पष्ट हुआ कि जल संस्थान द्वारा स्मार्ट सिटी की किसी भी लाइन को क्षतिग्रस्त नहीं किया गया है। वहीं, स्मार्ट सिटी परियोजना यह तक स्पष्ट नहीं कर पा रही है कि संबंधित कार्य जल संस्थान ने किया है या जल निगम ने।
अधीक्षण अभियंता का कहना है कि यदि कार्य जल निगम द्वारा किया गया है तो कार्रवाई उसी के विरुद्ध होनी चाहिए थी, न कि जल संस्थान के कार्यालय को सील किया जाता। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि आखिर किस अधिकार के तहत एक आवश्यक सेवा माने जाने वाले विभाग के अधीक्षण अभियंता और डिवीजन कार्यालय को सील किया गया।
इस पूरे मामले ने विभागीय समन्वय और कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि संबंधित उच्च अधिकारी इस प्रकरण में क्या कार्रवाई करते हैं और जिम्मेदारी तय होती है या नहीं।



